वृषभ लग्न या राशि वालों के लिए शुभ रत्न कौन से हैं
इस लग्न का स्वामी शुक्र है, हालांकि पूरी तरह से आकलन तो जन्म कुंडली के आधार पर ही करना चाहिए, लेकिन जब हम केवल लग्न के आधार पर ही रत्न के बारे में बात करें, तो तीन रत्न वृषभ लग्न के लिए शुभ फलदायी हो सकते हैं -- हीरा, माणिक और नीलम।
क्योंकि वृषभ लग्न का स्वामी शुक्र है, इसलिए हीरा सबसे अच्छा रत्न कहा जा सकता है। हीरा तब जरूर धारण करना चाहिए, जब शुक्र अस्त हो या छठे भाव या आठवें भाव में चला जाए। उस स्थिति में दूसरे रत्नों की तुलना में हीरा ही ज्यादा काम करेगा।
दूसरा फलदाई रत्न है मानिक। क्योंकि सूर्य चौथे भाव का स्वामी है और पाप ग्रह जब केंद्रों के मालिक हो तो शुभ हो जाते हैं। इसलिए जिन लोगों को भवन, वाहन आदि की समस्या हो, उन्हें माणिक धारण करना चाहिए। जो लोग जनता से जुड़े हुए हैं या जनता से संबंधित कोई काम करते हैं जैसे राजनीति आदि उनको भी माणिक धारण करना चाहिए।
वृषभ लग्न में तीसरा शुभ रत्न है नीलम। क्योंकि शनि केंद्र त्रिकोण का स्वामी है। इसलिए जीवन में चौतरफा उन्नति के लिए वृषभ लग्न वालों को नीलम अवश्य धारण करनी चाहिए।
जय श्री बालाजी महाराज



