शेयर बाजार और ज्योतिष।

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शेयर बाजार और ज्योतिष।
शेयर बाजार और ज्योतिष। 
अपनी जन्म कुंडली से जाने कि आपको किन कंपनियों के शेयरों से लाभ होगा।
  शेयर बाजार या काॅमोडिटी के बिजनेस को हमेशा भाग्य से जोड़ कर देखा जाता है। वास्तव में शेयर बाजार एक ऐसा अद्भुत क्षेत्र है जहां इससे कोई फर्क नहीं पड़ता की आपकी आर्थिक स्थिति कैसी है। आप मिडिल क्लास के हैं तो भी शेयर का काम करके बहुत अधिक धनी बन सकते हैं। और इस तरह के सैकड़ों नहीं हजारों लाखों उदाहरण पूरे संसार में आपको देखने में मिल जायेंगे। लेकिन शेयर मार्केट की इस उज्ज्वल छवि के साथ एक अंधेर पक्ष भी जुड़ा हुआ है। क्योंकि यदि इस क्षेत्र में आपके भाग्य ने साथ नहीं दिया तो जो कुछ भी थोड़ा बहुत आपके पास है वह भी चला जायेगा। मेरे पास बहुत से ऐसे लोग आते हैं जो कि कहते हैं कि वे किसी को कोई शेयर को खरीदने-बेचने की सलाह देते हैं तो पूछने वाले को लाभ होता है, लेकिन वे स्वयं जब अपने आकलन के आधार पर किसी शेयर की खरीद या बिक्री करते हैं तो उनका आकलन गलत निकल जाता है। इसका क्या कारण है। इस तरह के लो   गों की हथेलियों यानि हस्तरेखाओं को देखा जाता है तो स्पष्ट तौर पर उनके राहु के स्थान पर अशुभ चिह्न पाये जाते हैं। और जन्म कुंडली में भाग्येश की स्थिति खराब होती है और ज्यादातर मामलों में चन्द्रमा से केमदु्रम योग बन रहा होता है।
कब होता है शेयर मार्केट से लाभ 
आमतौर पर जब भाग्य भाव और उसका स्वामी अर्थात भाग्येश बलवान हो तो ऐसी कुंडली के स्वामी को अचानक धन लाभ हो सकता है। इसके अलावा उसे शेयर, सट्टे और लाॅटरी आदि से भी अचानक धन लाभ होता है। इनमें से शेयर मार्केट ऐसा क्षेत्र है जिसे सरकारी मान्यता प्राप्त है लेकिन तब भी यह लाॅटरी और सट्टे बाजार की तरह संभावनाओं पर ही निर्भर करता है। यदि आपका भाग्य बलवान नहीं है तो कितने भी एनालिसिस करके और बहुत दिमाक और आंकड़ों का प्रयोग करके शेयर खरीदें, तो भी आपको नुकसान ही होगा। इसका सीधा सा अर्थ है कि आपके भाग्य में इस तरह से धन आना लिखा हुआ नहीं है। 
आज मैं आपको बताउंगा कि किन योगों के कारण व्यक्ति को शेयर मार्केट से लाभ होता है। और कुंडली और हस्तरेखाओं के आधार पर किस तरह के शेयरों में इन्वेस्टमेन्ट करने से आप आसानी से लाभ प्राप्त कर सकते हैं। या फिर किसी भी बड़े नुकसान से बच सकते हैं।
सर्वप्रथम तो अपनी कुंडली में यह देखें कि केमदु्रम योग तो नहीं बन रहा है। मैंने हजारों जन्म कुंडलियों के अध्ययन के उपरान्त यह निष्कर्ष निकाला है कि केमद्रुम योग के साथ यदि भाग्य का घर कमजोर हो तो निश्चित तौर पर ऐसा जातक अपने जीवन में एक बार दिवालिया अवश्य होता है। इसलिए इस योग पर विशेष ध्यान दें। इसके अलावा भाग्य बल देखें। यदि हथेली में रेखाएं कमजोर है तो जन्म कुंडली में भी नवम भाव कमजोर होता है। इस स्थिति में आपको शेयर मार्केट जैसे फील्ड में भाग्य नहीं आजमाना चाहिए। अन्यथा आप सड़क पर आ सकते हैं। दूसरी बात आप अपने भाग्य को इस तरह से भी जांच सकते हैं कि एक-दो बार टाई करें। यदि आंशिक सफलता मिल रही हो या अन्ततः नुकसान नहीं हो रहा हो तो आप आगे बढ़ सकते हैं। यदि ऐसा नहीं है तो उसी समय इस काम को बंद कर देना चाहिए। 
किन शेयरों में इन्वेस्ट करें
कुंडली और हाथों की रेखाओं के आधार पर उस ग्रह का चयन करें जो कि आपके लिए विशेष फलदायी है। यह ग्रह लग्नेश, पंचमेश, भाग्येश, दशमेश या लाभेश में से कोई एक हो सकता है। आमतौर पर उपरोक्त में से जो ग्रह बलवान हो वह हमें अपनी प्रकृति से संबंधित शेयरों में काम करने से लाभ दिला सकता है। आपको किसी ज्योतिषी से संपर्क करके यह पता लगाना चाहिए कि आपकी कुडली के आधार पर कौन सा ग्रह कारक है फिर नीचे आगे दी ग्रहों और उनसे संबंधित वस्तुओं या शेयरों में इन्वेस्टमेन्ट करने से नुकसान होने की आशंका को काफी हद तक कम किया जा सकता है। 
जब सूर्य बलवान हो -  
  आयुर्वेद या मेडिसीन बनाने वाली सभी कंपनियां। वे सभी उपक्रम जो सरकार से संचालित होते हैं। लकड़ी या फर्निचर इण्डस्टीज और म्यूचुअल फंड। सौर उर्जा या दूसरे उर्जा को उत्सर्जित करने वाली कंपनियों के शेयर।  
जब चन्द्रमा बलवान हो - कपास या उससे जुड़े हुए प्रोडक्ट बनाने वाली कंपनियां। पानी, दूध या घी पर आधारित प्रोडक्टस। विदेश से बिजनेस हासिल करने वाली कंपनियां। कांच आदि के प्रोडक्ट की मार्केटिंग करने वाली कंपनियां।   
जब मंगल बलवान हो - फायर एण्ड सिक्योरिटी। इंफ्रास्टक्चर। खनिज पदार्थ। मिलिटी या सुरक्षा ऐजन्सी या सप्लायर्स। 
जब बुध बलवान हो - सभी बीमा कंपनी और बैंक आदि। एजुकेशनल रिलेटेड कंपनी या फर्म। कंसल्टेंसी कंपनी। 
जब बृहस्पति बलवान हो - खाद्यान्न। मसाले। इन्टरेस्ट पर आधारित कंपनियां। गोल्ड ज्वैलरी। 
जब शुक्र बलवान हो - फिल्म या टीवी धारावाहिक का निर्माण करने वाली कंपनियां। न्यूज चैनल। चीनी और चावल जैसे खाद्य पदार्थों में डील करने वाली कंपनियां। ब्युटि प्रोडक्टस। 
जब शनि बलवान हो - लोहे से प्रोडक्टस बनाने वाली कंपनियां। पेटोल-डीजल दूसरे सभी प्रेटोकेमिकल से संबंधित कंपनियां। चमड़े पर आधारित कंपनियां। 
जब राहु बलवान हो - वे सभी प्रोडक्टस जिनमें इलेक्टिक का प्रयोग होता हो। इलेक्टिक और इलेक्टोनिक्स प्रोडक्ट का उत्पादन करने वाली कंपनियां। विदेशी वस्तुएं। 
जब केतु बलवान हो - धर्म पर आधारित सभी न्यूज चैनल। बड़े मंदिरों का संचालन करने वाले टस्ट आदि। एग्रीकल्चर प्रोडक्टस। शराब बनाने वाली कंपनियां

Satyanarayan Jangid

Satyanarayan Jangid explains astrology, numerology, and spiritual practices in a way that’s simple, clear, and easy to relate to. He focuses on the why behind rituals instead of blind belief, helping people understand how these ideas actually fit into real life. His teaching feels calm and grounded—less about fear, more about clarity—so things don’t feel heavy or confusing, just practical and reassuring.

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